ईश्वर का संविधान सदा याद रखें
“अनजाने में की गई गलतियां कम क्रोध को उत्पन्न करती हैं। जानबूझकर की गई गलतियां अधिक क्रोध को उत्पन्न करती हैं।” संसार में ऐसा देखा जाता है, कि 5 वर्ष
संयम से जीवन को जीना चाहिए
“जैसे जीवन में सुख और दुख साथ साथ चलते हैं, वैसे ही राग और द्वेष भी साथ साथ चलते हैं।” सफलता और असफलता प्रायः जीवन में आती रहती हैं। “व्यक्ति
असफल होने पर दुखी या निराश न हो
“जीवन में सफलता और असफलता तो सदा चलती ही रहती है, जैसे जागना और सोना बारी बारी से होता रहता है।”जीवन को सरल और कठिन बनाने के लिए व्यक्ति का